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Friday, 04 October 2024

डब्ल्यूएचओ ने मंकीपॉक्स के लिए पहले नैदानिक ​​परीक्षण को मंजूरी दी

WHO approves first diagnostic test for monkeypox
WHO approves first diagnostic test for monkeypox

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने एमपॉक्स (मंकीपॉक्स) डायग्नोस्टिक परीक्षण के लिए आपातकालीन उपयोग सूची (EUL) के तहत पहले परीक्षण को मंजूरी दे दी है। इस महत्वपूर्ण निर्णय से उन देशों को बड़ी राहत मिलेगी जो एमपॉक्स के प्रकोप से जूझ रहे हैं, विशेष रूप से अफ्रीका जैसे क्षेत्रों में, जहां परीक्षण क्षमताओं की कमी के कारण वायरस का प्रसार बढ़ता जा रहा है।

डब्ल्यूएचओ की रिपोर्ट के मुताबिक, अफ्रीका में एमपॉक्स के प्रकोप को नियंत्रित करने के लिए तेज़ और सटीक परीक्षण की तत्काल आवश्यकता है। कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य, बुरुंडी और नाइजीरिया जैसे देशों में वायरस के फैलाव पर काबू पाने के लिए प्रभावी निदान और उपचार आवश्यक हैं। अफ्रीका में 2024 के दौरान 30,000 से अधिक संदिग्ध मामले सामने आए हैं, जिसमें केवल कांगो में 37% मामलों का ही परीक्षण हो पाया है। यह संख्या बेहतर परीक्षण समाधानों की जरूरत को और उजागर करती है।

WHO के दिशानिर्देशों के अनुसार, एमपॉक्स की पुष्टि न्यूक्लिक एसिड एम्पलीफिकेशन टेस्टिंग (NAAT) जैसे पॉलीमरेज़ चेन रिएक्शन (PCR) परीक्षण के माध्यम से की जाती है। हाल ही में अनुमोदित Alinity m MPXV परख एक वास्तविक समय PCR परीक्षण है, जिसे त्वचा के घावों से मंकीपॉक्स वायरस (क्लैड्स I/II) का पता लगाने के लिए डिज़ाइन किया गया है। इसे कुशल प्रशिक्षित प्रयोगशाला कर्मियों द्वारा संचालित किया जाएगा।

WHO के सहायक महानिदेशक डॉ. युकिको नाकातानी ने कहा, गुणवत्तापूर्ण परीक्षण तक पहुंच बढ़ाना वायरस को नियंत्रित करने और जनसंख्या की सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण है, खासकर उन क्षेत्रों में जो स्वास्थ्य सेवाओं से वंचित हैं।

अगस्त 2024 में, WHO ने निर्माताओं से अनुरोध किया था कि वे EUL के तहत परीक्षण उत्पाद प्रस्तुत करें, ताकि वैश्विक परीक्षण क्षमताओं में वृद्धि की जा सके। अब तक, तीन और आवेदन प्राप्त हुए हैं और अन्य परीक्षण निर्माताओं के साथ चर्चा जारी है। Alinity m MPXV परीक्षण तब तक आपातकालीन उपयोग सूची में रहेगा, जब तक एमपॉक्स से संबंधित सार्वजनिक स्वास्थ्य आपातकाल (PHEIC) समाप्त नहीं हो जाता।

इस नई पहल से न सिर्फ प्रभावित देशों में एमपॉक्स प्रकोपों को काबू करने में मदद मिलेगी, बल्कि रोग के प्रसार को नियंत्रित करने में भी एक अहम भूमिका निभाएगी।

  WHO approves first diagnostic test for monkeypox