जालंधर, 23 सितम्बर (राजू सेठ ): महानगर के प्रतिष्ठित कारोबारी सेवक धूप इंडस्ट्री के मालिक स्वर्गीय श्री रमेश शर्मा जी की धर्मपत्नी एव सचिन शर्मा, नितिन शर्मा की माता सुमन शर्मा 13 सितम्बर को इस नश्वर संसार को अलविदा कहते हुए प्रभु चरणों में विलीन हो गई। धर्म व समाज के प्रति समर्पित स्व. सुमन शर्मा के निधन से परिवार व उनके परिचत लोगों को कभी न पूरी होने वाली क्षति हुई है, अपने गुणों के चलते वह हमेशा अपने परिवार जनों की यादों में सदा जिंदा रहेगी।
उनकी आत्मिक शांति हेतु रखी गई रस्म पगड़ी व गरुड़ पुराण जी का भोग श्री देवी तलाब मंदिर के श्री राम हाल में संपन्न हुआ व्यास गद्दी पर विराजमान पंडित गुलशन शर्मा ने विधिवत रूप से गरुड़ पुराण के पाठ का भोग डाला।स्व. श्री रमेश शर्मा की धर्मपत्नी श्रीमती सुमन शर्मा के रसम पगड़ी के मौके पर विभिन्न राजनीतिक, सामाजिक, व धार्मिक संस्थाओं एवं शहर के प्रमुख लोगों ने उपस्थित होकर उनके चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित भेंट कर अपने श्रद्धा सुमन भेंट किये व शर्मा परिवार के साथ संवेदना प्रकट की।
इस मौके पर प्रमुख लोगों में उपस्थित मां वैष्णो देवी मंदिर कटरा के पुजारी पिंटू पुजारी जी,पूर्व सांसद सुशील रिंकू,अभिषेक विज, पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य मनोरंजन कालिया,भाजपा जिला अध्यक्ष सुशील शर्मा, पूर्व विधायक एवं संसदीय सचिवकृष्ण देव भंडारी, जालंधर सेंट्रल विधानसभा से आम आदमी पार्टी के विधायक रमन अरोड़ा,अमरजीत सिंह अमरी, राजेश कपूर, अशोक सरीन हिक्की, प्रिंस अशोक ग्रोवर,सलिल बाहरी, मुख्य रूप से उपस्थित थे।पंडित गुलशन शर्मा ने बताया कि स्व. सुमन शर्मा ने किस तरह पारिवारिक मर्यादाओं,अच्छे संस्कारों के साथ अपने बच्चों की परवरिश की और उन्होंने अपने माता जी के दिखाए हुए मार्गदर्शन पर चलते हुए परिवार की मर्यादा को आगे बढ़ाया व सेवा कार्यों से समाज में अच्छी-खासी पहचान बनाई।पालन पोषण व अच्छे संस्कारणों के चलते समुन शर्मा का परिवार महानगर के प्रतिष्ठित परिवारों में गिना जाता है.
श्री सिद्ध बाबा सोढल मंदिर व विक्रमपुरा के मां चिंतपूर्णी मंदिर से इस परिवार का विशेष स्नेह रहा है।पंडित गुलशन शर्मा ने बताया कि स्व. सुमन शर्मा का जन्म 17 सितंबर 1959 को सरला देवी व पं. तीर्थ राम के घर होशियारपुर में हुआ व उन्होंने अपनी शुरुआती पढ़ाई आर्य सीनियर सैकेंडरी स्कूल होशियारपुर से पूरी की.1980 में प्रकाश चंद शर्मा, जनक रानी के सुपुत्र रमेश शर्मा के साथ सुमन शर्मा का विवाह हुआ।
उनके दो बेटों में सचिन शर्मा, बहु श्वेता शर्मा, नीतिन शर्मा ,पोते वंश, वीरेन,पोत्री, समायरा,और बेटी शिल्पी शर्मा एवं दामाद सुनील शर्मा,नातिन,वंशिका,सतुती,सेजल,नाती, रक्षित ,शामिल हैं। अपने बच्चों को पढ़ा लिखा कर अच्छे संस्कार दिए।परिवार के गुणों की जो सुगन्धी समाज में बिखरी है उसमें श्रीमती सुमन शर्मा का बहुत बड़ा योगदान है।नम स्वभाव, व्यवहार कुशल,मीठा बोलना एवं धार्मिक मर्यादाओं का पालन करना उनके स्वभाव में शामिल था।वे अपनी अच्छाइयों से समाज के हर वर्ग में सवप्रिय रही।
स्व. सुमन शर्मा के पति रमेश शर्मा के देहांत के बाद परिवार की देखभाल खुद संभाली और परिवार को वही संस्कार दिए जिन संस्कारों के प्रति वह खुद जानी जाती रही।स्व.सुमन शर्मा के निधन से परिवार को ही नहीं अपितु समाज को भी अपूरणीय क्षति हुई है मंच का संचालन सुदर्शन मोंगिया ने किया इस मौके पर मुख्य रूप से उपस्थित सेवक धूप जग्गू चौक से ऋषि शर्मा,प्रिंस शर्मा, जोगिंदर पाल शर्मा, नीलकंठ जज,गुलशन शर्मा,दविंदर कालिया,भगवंत प्रभाकर,अमित भाटिया, कृष्ण लाल शर्मा,हितेश सियाल,अजय चोपड़ा, तरुण कुमार,राजेश मल्होत्रा आरके, कुलवंत शर्मा,गुरप्रीत विकी,आशीष सहगल, शमा चौहान,अजमेरसिंह बादल, पंकल जुल्का, राकेश बॉबी, भगवंत प्रभाकर,दीपिंदर पाल सिंह, श्यामलाल चड्ढा, अनुज शारदा, अजय चोपड़ा, मनोरंजन मदान जॉर्ज सागर, में अन्य गणमान्य लोग उपस्थित थे.
Politicians religious organizations and prominent people of the city paid tribute to late Smt. Suman Sharma