(राजू सेठ) डीएवी कॉलेज, जालंधर में 24 नवंबर,2024 को 86वें दीक्षांत समारोह का आयोजन किया गया।इस समारोह में प्रो (डॉ.)आदर्शपाल विग,चेयरमैन,पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड,पटियाला मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित हुए।समाजसेवी श्री आर के गुप्ता,श्री राजेश कुमार जैन,डीएवी कॉलेज प्रबंध समिति,नई दिल्ली के सचिव श्री अजय गोस्वामी ने विशिष्ट अतिथि के रूप में शिरकत की.प्राचार्य,मुख्य अतिथि, विशिष्ट अतिथि और संकाय सदस्यों ने पौधारोपण समारोह में भाग लिया।
स्वागत भाषण में प्राचार्य डॉ. राजेश कुमार ने सम्मानित मुख्य अतिथि डॉ. विग की अकादमिक उपलब्धियों की प्रशंसा करते हुए कहा कि उनकी लगन और कड़ी मेहनत ने उन्हें एक साधारण पृष्ठभूमि से पीपीसीबी के अध्यक्ष के सम्मानित पद तक पहुँचाया।इनकी उपलब्धि और योगदान हेतु इन्हें मैन ऑफ द ईयर,बेस्ट टीचर और एनवायरनमेंटलिस्ट ऑफ द ईयर जैसे पुरस्कार से पुरस्कृत किया गया।छात्रों को संबोधित करते हुए,प्रिंसिपल ने इस बात पर जोर दिया कि सफलता एक मंजिल नहीं बल्कि एक यात्रा है,उन्होंने छात्रों को उत्कृष्टता के लिए प्रयास करने और दुनिया पर एक सार्थक प्रभाव डालने के लिए प्रोत्साहित किया।उन्होंने अपना संबोधन महात्मा गांधी के एक प्रेरक उद्धरण "वह बदलाव बनें जो आप दुनिया में देखना चाहते हैं" के साथ समाप्त किया। [metaslider id="4025"] मुख्य अतिथि डॉ.आदर्शपाल विग ने अपने सम्बोधन में कहा कि वैश्विक ख्याति प्राप्त डीएवी कॉलेज,जालंधर में आना उनके लिए सौभाग्य की बात है।प्रिंसिपल डॉ.राजेश कुमार को बधाई देते हुए डॉ.विग ने कॉलेज की समृद्ध विरासत की प्रशंसा की और डीएवी परिवार के साथ अपने गहरे संबंधों को साझा किया।उन्होंने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि उनकी डिग्री एक शैक्षणिक उपलब्धि होने के साथ-साथ आर्य समाज की शिक्षाओं व मूल्यों को अपनाने की जिम्मेदारी भी है।डॉ.विग ने छात्रों को वसुधैव कुटुंबकम,गुरु नानक देव जी की सार्वभौमिक कल्याण की शिक्षाओं और स्वामी विवेकानंद के एकता के संदेश के दर्शन से प्रेरित किया। [metaslider id="4029"] कॉलेज के सबसे पुराने छात्र और अनेक प्रशंसित पुस्तकों के लेखक,प्रतिष्ठित इतिहासकार प्रिंसिपल डॉ.जगदीश चंद्र जोशी को शिक्षा जगत में उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया।प्राचार्य डॉ.राजेश कुमार व डॉ.पुनीत पुरी,अध्यक्ष,जूलॉजी विभाग को अज़रबैजान में आयोजित अंतरराष्ट्रीय सेमिनार में शोध पत्र प्रस्तुत करने के लिए विशेष रूप से सम्मानित किया गया।इसके अलावा डॉ.पुनीत पुरी,अध्यक्ष, जूलॉजी विभाग व डॉ राजकुमार,इतिहास विभाग को पीएच.डी.की उपाधि प्राप्त करने पर विशेष अकादमिक अवॉर्ड प्रदान किए गए।डॉ.मनु सूद को राष्ट्रीय व अन्तरराष्ट्रीय स्तर पर विभिन्न खिलाड़ियों को स्थापित करने में दिए गए योगदान हेतु डीएवी कॉलेज मैनेजिंग कमेटी द्वारा पुरस्कृत होने पर विशेष सम्मान प्रदान किया गया।प्रो पंकज बग्गा जूलॉजी विभाग को तीन पेटेंट प्राप्त करने के लिए सम्मानित किया गया। रजिस्ट्रार प्रो सोनिका दानिया ने प्राचार्य की अनुमति से दीक्षांत समारोह की विधिवत शुरुआत की।इस समारोह में सत्र 2019, 2020, 2021 के लगभग 600 स्नातक और स्नातकोत्तर विद्यार्थियों को डिग्रियां प्रदान की गई।सांस्कृतिक कार्यक्रम में संगीत विभाग के विद्यार्थियों की प्रस्तुति ने श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।तत्पश्चात रजिस्ट्रार प्रो सोनिका ने प्राचार्य की अनुमति से दीक्षांत समारोह का औपचारिक समापन किया। स्टाफ सचिव डॉ.दिनेश अरोड़ा ने आयोजन की सफलता में योगदान के लिए सभी का आभार व्यक्त किया।दीक्षांत समारोह का समापन राष्ट्रीय गीत 'वंदे मातरम' की प्रस्तुति के साथ हुआ।
Successful organization of 86th Convocation at DAV College Jalandhar