कोलकाता, 12 अप्रैल 2025:
पश्चिम बंगाल में वक्फ बिल के खिलाफ विरोध-प्रदर्शन ने शनिवार को उग्र रूप ले लिया। राज्य के कई जिलों में हजारों की संख्या में लोग सड़कों पर उतर आए। इस दौरान कुछ स्थानों पर पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी झड़पें भी देखने को मिलीं, जिसमें दर्जनों लोग घायल हो गए और कई वाहनों में तोड़फोड़ व आगजनी की घटनाएं हुईं।
कोलकाता, मुर्शिदाबाद और मालदा सबसे ज्यादा प्रभावित
सबसे ज़्यादा तनावपूर्ण हालात कोलकाता, मुर्शिदाबाद, मालदा और बर्दवान में देखने को मिले, जहां प्रदर्शनकारियों ने पथराव और सड़क जाम कर प्रशासन के खिलाफ नारेबाज़ी की। कई जगहों पर भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोले और लाठीचार्ज का सहारा लेना पड़ा।
वक्फ बिल को लेकर नाराज़गी
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि नया वक्फ बिल समुदाय की संपत्तियों पर अधिकार सीमित करता है और कई प्रावधान जनभावनाओं के खिलाफ हैं। विरोध कर रहे संगठनों ने सरकार से बिल को तुरंत वापस लेने की मांग की है।
प्रदर्शन में शामिल एक प्रदर्शनकारी ने कहा — “यह बिल हमारे हक और धार्मिक स्थलों की सुरक्षा पर हमला है। जब तक इसे वापस नहीं लिया जाएगा, आंदोलन जारी रहेगा।”
सरकार ने की शांति बनाए रखने की अपील
राज्य सरकार ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा कि सरकार जनता की भावनाओं का सम्मान करती है और संवाद के ज़रिए समाधान निकालने को तैयार है। उन्होंने अफवाहों से बचने और हिंसा से दूरी बनाने की अपील भी की।
इंटरनेट सेवाएं स्थगित, सुरक्षा बढ़ाई गई
स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने मुर्शिदाबाद और मालदा में इंटरनेट सेवाएं अस्थायी रूप से बंद कर दी हैं। साथ ही पूरे राज्य में पुलिस बल और रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) को तैनात कर दिया गया है।